Friday, March 27, 2026
Google search engine
Homeराज्य समाचारउत्तराखण्डमुख्य सचिव का निर्देश—रजत उत्सव व पीएम सुझावों से जुड़े फीडबैक और...

मुख्य सचिव का निर्देश—रजत उत्सव व पीएम सुझावों से जुड़े फीडबैक और अनुभवों का होगा डॉक्यूमेंटेशन

राज्य के समेकित विकास से संबंधित मा. प्रधानमंत्री द्वारा सुझाए गए बिंदुओं तथा राज्य के रजत उत्सव के अवसर पर आयोजित किए गए विभिन्न समारोह व आयोजनों से संबंधित फीडबैक, सुझावों और अनुभवों का डॉक्यूमेंटेशन करें- मुख्य सचिव

मुख्य सचिव आनंद बर्धन की अध्यक्षता में सचिवालय सभागार में 25 वें उत्तराखंड राज्य स्थापना दिवस के शुभ अवसर पर आयोजित रजत जयंती समारोह में माननीय प्रधानमंत्री जी के संबोधन में सुझाए गए प्रमुख बिंदुओं पर आवश्यक कार्रवाई हेतु विचार- विमर्श किया गया।
विचार-विमर्श में सभी अधिकारियों से अगले 25 वर्षों में उत्तराखंड के लक्ष्यों और उसके अनुरूप रोडमैप बनाने तथा रजत जयंती व उसके उपलक्ष्य में नवंबर माह में आयोजित किए गए विभिन्न आयोजनों व कार्यक्रमों यथा प्रवासी सम्मेलन, युवा सम्मेलन, सांस्कृतिक उत्सव, महामहिम राष्ट्रपति जी व मा. प्रधानमंत्री जी के आगमन इत्यादि में सामने आए अनुभव, फीडबैक और सुझावों को साझा किया गया।
मुख्य सचिव ने सभी अधिकारियों को उक्त अवधि के सुझावों, प्रयासों और अनुभवों का डॉक्यूमेंटेशन तैयार करने के निर्देश दिए।
उन्होंने सचिव प्रोटोकॉल को उक्त सभी सुझावों को कंपाइल करते हुए उसकी सूची तैयार करने को निर्देशित किया।
मुख्य सचिव ने निर्देशित किया कि मा. प्रधानमंत्री जी द्वारा राज्य के सर्वांगीण विकास से संबंधित जो भी बिंदु सुझाए हैं उनका भी डॉक्यूमेंटेशन करें ताकि राज्य के समेकित विकास एवं नीति निर्माण में उन बिंदुओं को शामिल किया जा सके।
ज्ञातव्य है कि मा. प्रधानमंत्री  ने उत्तराखंड के समेकित विकास के लिए महत्वपूर्ण बिंदु सुझाए।
मा. प्रधानमंत्री जी द्वारा उत्तराखंड को स्पिरिचुअल कैपिटल ऑफ द वर्ल्ड के रूप में स्थापित  करते हुए उसे ग्लोबल नेटवर्क से जोड़ने, उत्तराखंड की प्रत्येक विधानसभा में योग केंद्र, आयुर्वेदिक केंद्र, नेचुरोपैथी संस्थान, होमस्टे इत्यादि से युक्त एक कंप्लीट पैकेज तैयार करने,  हर वाइब्रेंट विलेज खुद में एक छोटा पर्यटन केंद्र बन सके इसके लिए होम स्टे, स्थानीय भोजन और संस्कृति को बढ़ावा मिले ऐसे प्रयास करने को कहा।
प्रधानमंत्री जी ने उत्तराखंड के स्थानीय मेलों और पर्वों को वर्ल्ड मैप पर लाने के लिए वन डिस्ट्रिक्ट, वन मेला जैसा अभियान चलाने को कहा। उन्होंने राज्य के पहाड़ी जनपदों को हार्टिकल्चर सेंटर बनाने पर फोकस करने, ब्लू बेरी, कीवी, हर्बल मेडिसिन प्लांट जैसी भविष्य की खेती तथा फूड प्रोसेसिंग, हस्तशिल्प, ऑर्गेनिक प्रोडक्ट इन सबके लिए MSMEs को नए सिरे से सशक्त बनाने पर बल देने को कहा।
मा. प्रधानमंत्री ने तीर्थाटन, बारहमासी पर्यटन, ईको टूरिज्म, एडवेंचर टूरिज्म की संभावनाओं को और व्यापक और प्रबंधनीय तरीके से संपादित करने, राज्य को वेडिंग डेस्टिनेशन के रूप में कन्वर्ट करने के लिए पांच से सात बड़े डेस्टिनेशन तैयार करके उन्हें विकसित करने की बात कही। उन्होंने उत्तराखंड के GI टैग प्राप्त कृषि उत्पादों तथा प्रोडक्ट को देश के घर-घर पहुंचाने का भी आह्वान किया।
प्रधानमंत्री जी ने हाउस ऑफ हिमालयाज ब्रांड के तहत ग्लोबल मार्किट में उत्पादों को प्रतिस्पर्धा बनाने तथा उनके डिलीवरी मैकेनिज्म पर बेहतर तरीके से कार्य करने को भी कहा।
इस अवसर पर बैठक में प्रमुख सचिव आर के सुधांशु, एल एल फैनई व आर मीनाक्षी सुंदरम,  विशेष प्रमुख सचिव रंजीत सिन्हा सहित विभिन्न सचिव व अपर सचिव उपस्थित थे।
RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular