सभी कनेक्शन नजदीकी गैस एजेंसी अनिल इंडेन गैस सर्विस और आर्केडिया इंडेन गैस सर्विस में किए ट्रांसफर
देहरादून।
लापरवाही, कालाबाजारी और उपभोक्ताओं की अनदेखी—इन तीनों का “हिसाब” आखिरकार जिला प्रशासन ने एक ही झटके में बराबर कर दिया। लंबे समय से शिकायतों में घिरी शहीद हीरा गैस एजेंसी पर दूसरी बार मुकदमा दर्ज करते हुए प्रशासन ने ऐसा कड़ा एक्शन लिया, जिसकी चर्चा पूरे जिले में है—एजेंसी के करीब 14 हजार गैस कनेक्शन छीनकर दूसरी एजेंसियों को सौंप दिए गए।
दरअसल, पर्याप्त LPG उपलब्ध होने के बावजूद उपभोक्ताओं को समय पर गैस न मिलना, होम डिलीवरी में लापरवाही और अनियमितताओं की लगातार शिकायतें मिल रही थीं। हालात तब बिगड़े जब नाराज उपभोक्ताओं ने शिमला बाईपास रोड पर जाम लगाकर विरोध प्रदर्शन किया। इसके बाद प्रशासन हरकत में आया और जांच के आदेश दिए गए।
जांच में सामने आया कि एजेंसी स्तर पर वितरण प्रणाली में गंभीर गड़बड़ियां हैं। इससे पहले भी एक मुकदमा दर्ज हो चुका था, लेकिन सुधार न होने पर इस बार जिला प्रशासन ने सीधे “जड़ पर वार” किया।
जिलाधिकारी सविन बंसल के निर्देश पर कार्रवाई करते हुए एजेंसी के सभी कनेक्शनों को नजदीकी गैस एजेंसियों अनिल इंडेन गैस सर्विस और आर्केडिया इंडेन गैस सर्विसमें ट्रांसफर कर दिया गया, ताकि उपभोक्ताओं को तुरंत राहत मिल सके।
प्रशासन का साफ संदेश है कि गैस वितरण जैसे जरूरी सेवा में किसी भी तरह की लापरवाही या गड़बड़ी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी एजेंसियों को शासन के तय मानकों का सख्ती से पालन करने के निर्देश दिए गए हैं—वरना अगला नंबर उनका भी हो सकता है।
इस कार्रवाई को अब तक की सबसे बड़ी प्रशासनिक सख्ती माना जा रहा है, जिसने न सिर्फ उपभोक्ताओं को राहत दी है बल्कि पूरे सिस्टम को भी चेतावनी दे दी है।

